ठरकी इंसान और मेरी चूत की प्यास

Tharki insan aur meri chut ki pyas:
hot kahani नमस्ते दोस्तों, कैसे हैं आप सभी ? मैं उम्मीद करती हूँ कि आप सभी अच्छे होंगे और जीवन में चुदाई के मजे ले रहे होंगे | आप सभी को मेरी प्यारी चूत की तरफ से प्यार भरा प्रणाम | मेरा नाम संगीता है और मैं जबलपुर की रहने वाली हूँ और दिल्ली में रहती हूँ | मेरी उम्र 34 साल है और मैं एक शादीशुदा महिला हूँ | मेरी हाईट 5 फुट 7 इंच है और मेरे मम्मो का साइज़ 34 है और मेरी कमर 30 है और मेरी गांड का साइज़ 36 है | मेरा इतना सेक्सी शरीर है कि जो मुझे एक बार देख ले तो बस बार बार ही देखने का मन होता है | जब मैं चलती हूँ तो कई बार मुझे लेफ्ट राईट लेफ्ट राईट के कमेंट सुनने मिलते हैं | गुस्सा तो आती है पर मन में अच्छा भी लगता है | आखिर मैं हूँ ही इतनी नशीली चीज़ कि कोई भी अपने आप को रोक नहीं पाता और अपना लंड मसल कर रह जाता है | दोस्तों, मैं चुदाई की कहानिया काफी समय से पढ़ते आ रही हूँ और मुझे चुदाई की कहानिया पढना इसलिए पसंद है क्यूंकि इनमे से कुछ कहानिया सच्ची होती हैं | तो आज मैं आप लोगो के सामने अपनी पहली कहानी प्रस्तुत करने जा रही हूँ और ये मेरे जीवन की एक सच्ची घटना है | तो अब मैं सीधा अपनी शुरू करती हूँ |

loading...

मेरे घर में मैं हूँ और मेरे पति सुजल और मेरे दो बेटे अनिल और अंकित हैं | मेरे दोनों बच्चे स्कूल में पढ़ते हैं | दोस्तों मैं एक बहुत चुदक्कड किस्म की औरत हूँ और मुझे चुदाई बहुत पसंद है | मुझे बड़े और मोटे लंड बहुत पसंद है | बस मन करता है कि 24 घंटे अपनी चूत और गांड में लंड डाले रहू | एक दिन की बात है मेरे मायके से फ़ोन आया मेरी माँ का कि इतने दिन हो गए हैं तू घर नहीं आती | हम लोगो की याद नहीं आती क्या अब ? तो मैंने कहा कि नहीं माँ आती है याद चलो मैं रिजर्वेशन करवा के आती हूँ कुछ दिनों में | फिर हमारी कुछ देर ऐसे ही बात हुई | शाम को चाय पीते समय मैंने अपने पति से बात की और कहा कि मुझे जबलपुर जाना है तो आप रिजर्वेशन करवा दोगे ? तो उन्होंने कहा ठीक है | अब दिन था मेरे निकलने का | मेरे दोनों बेटो के एग्जाम थे तो उन्होंने चलने से मना कर दिया था और पति तो वैसे ही कहीं नहीं जाते | मेरी ट्रेन रात को थी |

जब मैं स्टेशन पंहुची तो पता चला कि ट्रेन लेट आयगी 12 बजे | उस समय मैंने एक टॉप और एक लोअर पहने हुए थी | मैंने सोचा कि यार ट्रेन पूरा पूरा एक घंटे लेट है क्या करू ? कुछ ही देर में प्लेटफार्म खाली भी होने लगा | मैंने सोचा कि चलो चाय पी लेती हूँ | वहीँ पास में ही एक टी-स्टाल था तो मैं वहां गई | टी-स्टाल वाला आदमी एक बनियान पहने हुए था और उसने एक धोती पहनी हुई थी | मैंने उसे चाय के लिए कहा फिर उसने चाय दिया तो मैंने पीने लगी | तभी मेरी नजर उसकी धोती पर गई तो मैंने देखा कि उसका लंड निकला हुआ है | ये देख कर मुझे कुछ कुछ होने लगा | मेरी नजर ना चाहते हुए उसके लंड की ओर जा रही थी | फिर उसने मुझसे पूछा कि मैडम बिस्किट दूं क्या ? मुझे बहुत गुस्सा आ रहा था उस पर | लेकिन फिर भी मैंने कहा कि ठीक है एक दे दो | उसके बाद मैंने उससे बिस्किट के लिए नहीं कहा | कुछ देर में स्टेशन पर बोला गया कि ट्रेन एक घंटे बाद आयगी | मुझे गुस्सा आने लगा था क्यूंकि एक तो ट्रेन लेट पे लेट हो रही थी और और ये ठरकी मुझे घूर घूर कर देख रहा था | उसके बाद मैंने गुस्से में एक और बिस्किट निकालना चाहा तो वो गिर गया | जब मैं नीचे झुकी उसे उठाने के लिए तो देखा कि वो अपने लंड को सहलाने लगा | उसका लंड एक दम मेरे मुंह के सामने ही था | मन तो कर रहा था कि उसके लंड को अपने मुंह में ले लूं | उसने मुझसे पूछा कि क्या हुआ मैडम ? तो मैंने कहा कि कुछ नहीं और अपने जगह पर वापस आ गई | मेरा मन अब उससे चुदवाने का करने लगा था तो मैं फिर जान बूझकर झुकी तो उसने फिर पूछा कि क्या हुआ मैडम ? तो मैंने कहा कि कुछ नहीं तो वो मुझे उठाने लगा तो मैंने उसका लंड दबा दिया | उसने तुरंत ही अपना लंड अलग कर लिया | मैंने उससे कहा कि तुम तो बहुत ठरकी हो | इतने में ही खड़ा हो गया तुम्हारा | तो उसने कहा कि क्या करे मैडम ये तो अपने आप ही खड़ा हो जाता है | मैं भी अब उससे घुलने लगी | मैंने उससे कहा कि मेरी ट्रेन लेट है तो तू मुझे चोद | तो वो मुझे एक सुनसान जगह पर ले गया जो कि कुछ मीटर की दूरी पर है | वहां एक घनी झाड़ी है |

वहां पहुँच कर उसने मेरे सारे कपडे उतार कर मुझे नंगा कर दिया और खुद भी नंगा हो गया | उसके बाद उसने मुझे किस करना शुरू कर दिया और मैंने भी उसका साथ देते हुए उसे किस करने लगी | फिर उसने मेरे दूध को अपने मुंह में लिया और चूसने लगा दबाते हुए तो मेरे मुंह से आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहहहः आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहह की सिस्कारिया निकलने लगी | वो बहुत ही जोर जोर से मेरे दूध को दबाते हुए चूस रहा था | उसके बाद मैंने उसके लंड को अपने मुंह में लिया और जीभ से चाटने लगी तो वो आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहहहः आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहह करने लगा | उसके लंड को चाटने के बाद मैं मुंह में डाल कर चूसने लगी तो वो आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहहहः आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहह करते हुए मेरे मम्मो को मसलने लगा |

फिर उसने मुझे लेटा दिया और मेरी टांगो को फैला कर चाटने लगा चूत तो मैं आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहहहः आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहह करते हुए कसमसाने लगी | वो मेरी चूत को चाटते हुए चूत के दाने को भी होंठ में दबा कर चूस रहा था और मैं आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहहहः आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहह करते हुए उसके मुंह को अपनी चूत पर दबा रही थी | फिर हम दोनों 69 पोजीशन में आ गए और अब मैं उसके लंड को चूसने लगी और वो मेरी चूत को चाटने लगा | मैं उसके लंड को ऊपर नीचे करते हुए चूस रही थी और वो मेरी चूत में ऊँगली से चोदते हुए चूत चाट रहा था |
फिर उसने मुझे लेटा कर अपने लंड को मेरी चूत पर टिका के सहलाया और फिर अन्दर डाल दिया | अब वो मुझे धक्के मारते हुए चोदने लगा और मैं आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहहहः आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहह करते हुए मचलने लगी | फिर उसने अपनी चुदाई की स्पीड बढ़ा दिया और जोर जोर से धक्के लगाते हुए चोदने लगा तो मैं भी आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहहहः आआहाआह ऊउन्न् आहाहाह ऊउम्म्म ऊनंह अआहा आअह्ह्हाअ अहहहः अहहाआअ ऊउन्न ऊउम्म्ह आआनाहा ऊउन्न्ह ऊम्म्ह आहाहाहा ऊनंह ऊउम्ह आहाहहा ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह अहह करते उए अपनी गांड उठा उठा कर चुदाई में साथ देने लगी | करीब 25 मिनट की चुदाई के बाद उसने मेरी चूत में ही झड़ गया और मैं भी झड़ गई | उसके बाद हम स्टेशन पर वापस आये और कुछ देर बाद मेरी ट्रेन भी आ गई तो मैं उसमें बैठ के चली गई |
तो दोस्तों, ये थी मेरी कहानी |


Comments are closed.