ऑफिस की पार्टी में लड़की को घोड़ी बनाकर बजाया

office ki party me ladki ko ghodi banakar bajaya:

sex stories in hindi, kamukta

मेरा नाम रोहित है और मैं लखनऊ का रहने वाला हूं, मैंने अपनी पढ़ाई भी लखनऊ से ही कि। उसके बाद मैंने एक कंपनी ज्वाइन कर ली लेकिन मुझे वहां पर अच्छी सैलरी नहीं मिल रही थी इसी वजह से मैं सोचने लगा कि मुझे कहीं और काम कर लेना चाहिए। उस बीच मैंने कई जगह इंटरव्यू दिए लेकिन मेरा कहीं भी सिलेक्शन नहीं हुआ। अब मैं सोचने लगा कि मुझे कहीं और नौकरी कर लेनी चाहिए लेकिन मैं उस नौकरी को छोड़ भी नहीं सकता था क्योंकि मैं यदि बीच में ही नौकरी छोड़ देता तो मुझे कहीं पर अच्छी नौकरी नहीं मिलती इस सिलसिले में मैंने जब अपने बड़े भैया से बात की तो वह कहने लगे कि तुम मुझे अपना रिज्यूम दे देना, मैं तुम्हारे लिए कहीं ना कहीं बात कर लूंगा। मेरे बड़े भैया भी लखनऊ में ही काम करते हैं और वह एक अच्छे पद पर हैं।

उनकी जान पहचान भी अच्छी है और उनके जितने भी दोस्त हैं वह बहुत ही अच्छे पद पर हैं, मैं उनकी मदद नहीं लेना चाहता था पर मुझे उनकी मदद लेनी पड़ी क्योंकि मैं चाहता था कि मैं अपने दम पर ही किसी अच्छी जगह पर नौकरी करू। उन्होंने कुछ दिन बाद मुझे कहा कि मैंने तुम्हारे लिए एक जगह बात की है उस ऑफिस में मेरा दोस्त ही मैनेजर है,  वह तुम्हें वहां पर जॉब लगा देगा तुम बिल्कुल भी उसकी चिंता मत करना। जब मैं ऑफिस में गया तो उन्होंने मेरा इंटरव्यू भी नहीं लिया क्योंकि उनका दोस्त ही उस ऑफिस में मैनेजर था और उन्होंने मुझे नौकरी पर रख लिया। मैंने जब उस ऑफिस में जॉइनिंग की तो उन्होंने मुझे बहुत ही अच्छी सैलेरी पर रखा, मैं बहुत ही खुश था क्योंकि मुझे एक अच्छी सैलरी मिल रही थी और अब मैं अपने काम में ही बिजी रहने लगा। मैं अपने काम में बहुत बिजी हो गया। मेरे भैया कहने लगे कि तुम्हारा ऑफिस कैसा चल रहा है, मैंने उन्हें कहा कि बहुत ही अच्छे से चल रहा है और मेरी सैलरी भी अब बहुत ज्यादा हो गई है।

हमारे ऑफिस में ही एक लड़की थी, मैं उसे हमेशा ही देखता था लेकिन मैंने उससे कभी भी बात नहीं कि। उसका नाम गरिमा है और वह बहुत ही सुंदर लड़की है। मैं उसे देखता तो मुझे बहुत ही अच्छा लगता है। गरिमा भी अक्सर मुझे देख लिया करती थी और जब भी वह मुझे देखती तो मुझे उसे देखकर एक अलग ही तरीके की अनुभूति होती थी। गरिमा से मेरी बात कभी भी नहीं हुई थी लेकिन एक दिन वह मेरे पास काम के सिलसिले में आ गई और कहने लगी कि सर ने आपको यह फाइल भेजने के लिए कहा है। मैंने जब उस फाइल को देखा तो उसके बाद मैंने वह फ़ाइल उसे ही लौटा दिया और मैंने उसे कहा कि मैंने यह फाइल देख ली है आप इसे सर को वापस कर दीजिये। मेरी उससे बस इतनी ही बात हो पाई। कुछ दिनों बाद हमारे ऑफिस की एक पार्टी थी जिसमें हमारे ऑफिस का पूरा स्टाफ आने वाला था। मैं भी उस पार्टी में गया और जब मैंने गरिमा को देखा तो मैं उसे देखता ही रह गया क्योंकि वह उस दिन बहुत ही ज्यादा सुंदर लग रही थी परंतु मेरी हिम्मत उससे बात करने की नहीं हो रही थी और सब लोग आपस में अच्छे से बात कर रहे थे। मैंने भी शराब के दो पेग मार लिया, उसके बाद मेरे अंदर से गरिमा से बात करने की हिम्मत जाग उठी। अब मैं गरिमा के साथ बात कर रहा था और वह भी मुझसे अच्छे से बात कर रही थी। उसे मुझसे बात कर के बहुत ही अच्छा लग रहा था और मुझे भी उससे बात कर के बहुत ही अच्छा महसूस हो रहा था। उसे भी शायद मेरे बारे में पता था कि मेरे दिल में उसके लिए कुछ तो चल रहा है लेकिन उस दिन भी मैंने उससे यह बात नहीं की। मैंने जब गरिमा से कहा कि क्या तुम मेरे साथ डांस करोगी तो वो कहने लगी क्यों नहीं। अब वह मेरे साथ डांस कर रही थी और हम दोनों बहुत ही अच्छे से डांस कर रहे थे। सब लोग हमें ही देखे जा रहे थे क्योंकि मैं डांस बहुत ही अच्छा करता हूं, मैं अपने कॉलेज के समय से ही डांस करता आया हूं। मैंने कई जगह पर अपने डांस कंपटीशन में हिस्सा लिया है जिस वजह से मुझे डांस का बहुत शौक है।

गरिमा भी मेरे साथ डांस कर के बहुत ही कंफर्टेबल महसूस कर रही थी और जब मैंने उसकी कमर पर अपना हाथ रखा तो उसने भी मुझे कसकर पकड़ लिया और हम दोनों अच्छे से डांस कर रहे थे। काफी देर तक हम दोनों ने डांस किया। उसके बाद वह और मैं टेबल पर बैठ गए, हम दोनों टेबल में बैठ कर बातें कर रहे थे और वह मेरे साथ काफी बातें कर रही थी। मैंने उससे उससे घर के बारे में भी पूछा तो वह कहने लगी कि मेरे पिता अब रिटायर हो चुके हैं और वह घर पर ही रहते हैं। उसी वक्त मैंने गरिमा का हाथ पकड़ लिया और जब मैंने उसका हाथ पकड़ा तो उसने भी मेरा हाथ कसकर पकड़ लिया और हम दोनों एक दूसरे की नजरों में नजर डाल कर देख रहे थे। मुझे बहुत ही अच्छा लग रहा था जब वह मुझे देख रही थी। अब मैंने गरिमा से कहा कि हम लोग कुछ खा लेते हैं, हम लोगों ने थोड़े बहुत स्नैक्स खाए और उसके बाद हम दोनों टेबल में बैठ कर बातें करने लगे। वह बहुत ही अच्छे से मुझसे बात कर रही थी और मुझे उससे बात करते हुए बहुत अच्छा महसूस हो रहा था। मैंने कभी भी सोचा नहीं था कि मैं गरिमा से इतनी बात कर भी पाऊंगा या फिर वह मुझसे इतनी बात करेगी लेकिन अब हम दोनों कंफर्टेबल हो कर एक दूसरे से बात कर रहे थे और मैं बहुत ही खुश हो रहा था।

मैंने जब उसका हाथ पकड़ा तो वह खुश हो गई मैंने उसकी जांघ पर भी अपना हाथ रख दिया जब मैंने उसकी जांघ पर हाथ रख तो मुझे बहुत अच्छा महसूस हो रहा था। उसकी जांघ बड़ी ही मुलायम थी उसने जो ड्रेस पहनी थी वह बहुत ही पतली थी इस वजह से उसकी जांघ के अंदर कि गर्मी में साफ महसूस कर पा रहा था। वह भी बिल्कुल नहीं रह पा रही थी मुझसे भी बिल्कुल नहीं रहा जा रहा था। मैंने भी उसका हाथ पकड़ कर उसे जहां पर हम लोग पार्टी कर रहे थे उसके टेरिस पर ले गया। मैंने पहले तो इधर उधर झांक कर देखा कहीं कोई तो वहां पर नहीं है। मैंने उसकी ड्रेस को उतारते हुए नंगा कर दिया अंधेरे में भी उसका बदन पुरा चमक रहा था मुझे साफ दिखाई दे रहा था उसका बदन बिल्कुल दूध जैसा लग रहा था। मैंने अपने लंड को निकालते हुए उसके हाथ में दे दिया और उसने मेरे लंड को अपने मुंह में ले लिया वह बहुत अच्छे से मेरे लंड को चूसने लगी। काफी देर तक उसने मेरे लंड का रसपान किया उसे बड़ा ही अच्छा लगने लगा मैं भी बहुत खुश था जब वह मेरे लंड को चूस रही थी। उसके बाद मैंने उसकी योनि को चाटना शुरू कर दिया उसकी योनि को जब मै चाट रहा था तो उसका पानी बाहर निकलने लगा। उसने मुझसे कहा कि अब तुम मेरी योनि के अंदर अपने लंड को डाल दो। मैंने जब अपने लंड को उसकी चूत मे डाला तो उसे बहुत अच्छा महसूस होने लगा। मैं उसे बड़ी तेजी से झटके मारने लगा मैंने उसे घोड़ी बना रखा था इसलिए उसकी चूतडे मुझसे टकरा रही थी और मैं बड़ी तेजी से उसे झटके दिए जा रहा था। मैंने इतनी तेजी से धक्के मारे कि उसका पूरा शरीर टूटने लगा और मुझे अच्छा लगने लगा जब मैं उसे धक्के दिए जा रहा था। वह मेरा पूरा साथ दे रही थी और अपनी चूतडो को मुझसे मिलाने पर लगी हुई थी। उसकी चूतडे पूरी तरीके से लाल हो चुकी थी उसकी योनि बहुत ज्यादा टाइट थी मुझे उसकी चूत की गर्मी बिल्कुल बर्दाश्त नहीं हो रही थी। मैंने उसे बड़ी तेज तेज धक्के मारे और उन झटको में ही मेरा वीर्य गिर गया। गरिमा ने मेरा माल अपनी योनि को साफ करते हुए मेरे लंड को अपने मुंह में ले लिया जब उसने अपने मुंह में लिया तो उसने बहुत ही अच्छे से मेरे लंड को चूसना शुरू कर दिया जिससे कि मेरा दोबारा से खड़ा हो गया और मैंने दोबारा से उसकी योनि के अंदर अपने लंड को डाल दिया। जब मैंने अपने लंड को उसकी योनि में डाला तो मुझे बड़ा अच्छा महसूस होने लगा। मैं उसे बड़ी तेजी से चोदे जा रहा था मैंने उसे इतने तेज झटके मारे वह चिल्लाने लगी और अपनी चूतडो को मुझसे मिलाने लगी लेकिन इस बार में ज्यादा देर तक उसकी गर्मी को बर्दाश्त ना कर सका और मेरा माल कुछ देर बाद ही गिर गया। हम दोनों अब पार्टी में वापस लौट आए मुझे बिल्कुल भी उम्मीद नहीं थी कि मेरी पहली मुलाकात इतनी अच्छी होगी।


Comments are closed.


error: