मामी की ठरक को बुझाया

Mami ki tharak ko bujhaya:

desi porn kahani, indian sex stories

मेरा नाम आशीष है और मैं विदेश में ही नौकरी करता हूं। मेरी उम्र 28 वर्ष की है। मुझे मेरे मामा ने ही यहां नौकरी दिलवाई है। मैं पहले घर पर ही खाली बैठा हुआ था। उन्होंने मुझे अपने पास बुला लिया और कहने लगे कि तुम मेरे पास आ जाओ। मैं तुम्हें यही नौकरी लगवा देता हूं। उन्होंने अब मेरी अपने साथ ही नौकरी लगवा दी है और मुझे बहुत अच्छे पैसे भी मिलने लगे हैं। मैं थोड़े पैसे अपने घर भी भेज दिया करता हूं। जिससे कि मेरे घरवाले भी बहुत खुश है। मैं उनसे हफ्ते में एक बार ही बात करता हूं। क्योंकि यहां से कॉल रेट बहुत ज्यादा है। मेरे मामा और मैं एक साथ ही रहते हैं लेकिन मेरा घर जाना बहुत ही कम हो पाता है और मामा भी कई सालों से घर नहीं गए हैं। हम लोग 2 साल में कभी एक बार चले जाते हैं। अभी कुछ दिनों पहले ही मेरे मामा घर से आए थे और मैं यहीं पर काम कर रहा था लेकिन अब मैं सोच रहा था कि इस बार मैं घर हो आता हूं।

मैंने अपनी छुट्टी के लिए अप्लाई कर दिया और जब मुझे छुट्टी मिली तो मैंने अपने मामा से कहा कि मैं घर जा रहा हूं। वह कहने लगे ठीक है। तुम घर जा रहे हो तो थोड़ा बहुत सामान ले जाना। जो तुम अपनी मामी को दे देना। मैंने उन्हें कहा ठीक है। आप मुझे सामान दे दीजिए। मैं उन्हें घर पर जा कर दे दूंगा। मैं अब थोड़े समय बाद अपने घर वापस लौट आया। मेरी घरवाले बहुत ही खुश थी। जब मैं 2 साल बाद घर गया था। वह मेरी बहुत ही अच्छे से खातिरदारी कर रहे थी और मुझे बहुत ही प्यार कर रही थी। मेरी मां तो इतनी खुश हो रही थी। मैंने कभी सोचा भी नहीं था। और मेरे छोटे भाई तो पूछो ही मत। वह तो बहुत ही ज्यादा हंसमुख इंसान है और वह अभी स्कूल की पढ़ाई कर रहा है लेकिन मैं उसे कभी भी पैसे के लिए मना नहीं करता। जब भी उसे पैसे चाहिए होते है तो मैं तुरंत ही उसे पैसे दे देता हूं। जिससे वह भी बहुत खुश हो जाता है और मेरी बड़ी बहन भी मुझसे बहुत खुश रहती है। उसे भी मैं पैसे भेजता रहता था। मैं उन दोनों के लिए भी गिफ्ट लेकर आया था। जो मैंने उन्हें दिए थे। वह बहुत खुश हो गए और अपनी मां के लिए भी मैं गिफ्ट लेकर आया हुआ था और अपने पिताजी को भी मैंने गिफ्ट दिया। मैंने घर में सबको गिफ्ट दिया। जिससे वह लोग बहुत खुश हुए और मुझसे पूछने लगे कि तुम घर में कितने दिन रुकोगे। मैंने उन्हें कहा कि अभी तो 2 महीने मैं घर में रहूंगा। 2 महीने बाद ही मेरा जाना होगा। तो वह सब बहुत खुश हुए। दो-तीन दिन तो मैंने घर में ही आराम किया। उसके बाद मुझे ध्यान आया कि मुझे मामा का भी सामान मामी को दे कर आना था।

एक दिन उनके घर पर चला गया और उन्हें उनका सामान दे दिया। मेरी ममी भी मुझे देख कर बहुत खुशी हुई और मुझे कहने लगे कि तुम भी बहुत सालों बाद दिखाई दे रहे हो। मैंने उन्हें कहा हां बस अब ऐसा ही हो गया है। समय बिल्कुल मिल नहीं पाता है। इस वजह से आना नहीं हो पाता है। आपको तो पता ही है कि मामा भी कितने समय बाद घर आते हैं। उन्होंने मेरे लिए चाय बनाई और मुझे वह चाय दी। मैं अब चाय पीते पीते उनसे बात कर रहा था। तभी उनका लड़का भी घर पर आ गया। वह 10 वर्ष का है और कहीं अपने दोस्तों के साथ खेलने गया हुआ था। तो वह घर पहुंच गया। मैंने उसे भी चॉकलेट दी और वह भी बहुत खुश हुआ। ऐसे ही हम लोग काफी देर तक बातें करने लगे। अब मैंने अपनी मामी से इजाजत लिया और मैं अपने घर के लिए वापस आ गया। मैं जैसे ही घर पहूचा तो मेरे भाई-बहन मुझसे जिद करने लगे और कहने लगे कि आज कहीं मूवी देखने चलते हैं। मैं उन्हें मना भी नही कर पाया और हम तीनों मूवी देखने चले गए। हम आराम से बैठकर मूवी देख रहे थे और उस दिन हम लोग रात भर शहर में घूमते रहे। रात को काफी देर से हम लोग घर लौटे। तब तक मेरे मम्मी और पापा ने खाना नहीं खाया था। हम लोगों ने घर में आकर साथ मे खाना खाया और उसके बाद हम लोग सोने चले गए। कुछ दिनों बाद मेरे मामा का मुझे फोन आया और कहने लगे तुम ठीक-ठाक पहुंच गए थे। मैंने उन्हें कहा हां मैं अच्छे से पहुंच गया था। आप वहां पर ठीक से हैं। वह कहने लगे हां मैं भी यहां पर अच्छे से हूं। अब उन्होंने मुझे घर के बारे में पूछा। मैंने बताया घर में भी सब सही है और मैंने आपका सामान आपके घर पर पहुंचा दिया था। वह मुझे कहने लगे कि तुम एक काम करना घर में कुछ पैसों की आवश्यकता है तो तुम उन्हें पैसे दे देना और मैं तुम्हें यहां पर लौटा दूंगा। मैंने उन्हें कहा मामा जी आप इस तरीके की बात करके मुझे शर्मिंदा मत किया कीजिए। आप ही की वजह से मैं नौकरी लगा हूं और आप ही इस तरीके से बात कर रहे हैं। यह कहते हुए उन्होंने फोन रख दिया। मैं भी उनके घर जाने की सोच रहा था लेकिन मुझे समय नहीं मिल पा रहा था। क्योंकि 2 साल बाद आने से अपने ही काम पूरे नहीं हो पा रहे थे।

एक दिन मैंने अपना मन बना ही लिया और मैं उस दिन अपने मामा के घर पर चला गया। मैं जब उनके घर गया तो मामी बाथरूम में कपड़े धो रही थी। मैं जैसे उनके पास गया तो मैंने उनके बड़े बड़े स्तन देखे जब वह कपड़े धो रही थी। मेरा मन खराब होता गया। मेरा भी लंड खड़ा हो चुका था। मैंने उनसे कहा कि मामा ने मुझे कुछ पैसों के लिए कहा था तो मैं वही देने आया था। उन्होंने मुझे बैठने के लिए कहा मैं जब बैठा गया तो मैं अपनी तिरछी नजरों से उनके स्तनों को देखता जा रहा था लेकिन अब मुझसे सब्र नहीं हुआ। वह जैसे ही खडी उठी तो मैंने तुरंत ही उन्हें कसकर पकड़ लिया और उनके स्तनों को उनके सूट से बाहर निकाल दिया। मैने उनके चूचो को अपने मुंह में लेकर चूसना शुरू कर दिया। मैंने बहुत देर तक उनके स्तनों को ऐसे ही चूसना जारी रखा जिससे कि वह भी बहुत ज्यादा मूड में आ गई। उन्होंने भी मेरे होठों को किस करना शुरु कर दिया हम दोनों एक दूसरे को ऐसे ही किस कर रहे थे। मैंने उन्हें वहीं सोफे पर लेटा दिया मामी की उत्तेजना भी चरम सीमा पर पहुंच चुकी थी। मैंने तुरंत उनके सलवार को  उतारते हुए उनकी पैंटी को फाड़ दिया और अपने लंड को उनकी चूत में डाल दिया जैसे ही मैंने उनकी मोटी चूत मे अपने लंड को डाला तो वहां सिसकियां लेने लगी। मुझे बहुत ही अच्छा लगता जब मैंने उन्हें झटके मारने शुरू कर दिए तो वह बहुत तेजी से चिल्लाने लगी। वह मुझे कहने लगी कि मुझसे बिल्कुल भी सब्र नहीं हो रहा है लेकिन मैंने उन्हें चोदना जारी रखा और ऐसे ही बड़ी तेज गति से धक्के मारता। वह बहुत ज्यादा उत्तेजित हो गई और उनसे बिल्कुल भी नहीं रहा गया। वह कहने लगी मुझे ऐसे में मजा नहीं आ रहा है तुम एक काम करो मुझे घोड़ी बनाकर चोदो। वह घोड़ी बन गई मैंने उनकी बड़ी गांड को पकड़ा तो मेरा मन पूरा खराब हो गया। मैंने उनकी चूत मे अपने लंड को डाल दिया और ऐसे ही बड़ी तेज गति से झटके मारने लगा। मैं उन्हें तेजी से धक्के मारता जाता उनको पूरा शरीर हिलने लगा। मेरे लंड से वह अपनी चूतडे टकरा रही थी।

मुझे बहुत अच्छा लगता जब मैं उनकी बडी बडी गांड को देख रहा था। मैं अभी भी ऐसे ही धक्के मार रहा था और मामी के गले से आवाज निकल रही थी। वह मुझे कहने लगी आशीष तुम तो बहुत ही अच्छे से मेरी चूत मार रहे हो। तुम्हारे मामा जब पिछली बार घर आए थे तो उन्होंने मुझे बहुत ही तड़पाया उन्होंने कुछ किया नहीं शायद उनकी मशीन अब खराब हो चुकी है और उनके बस का नहीं है मुझे चोदना तुम मुझे बहुत ही अच्छे से चोद रहे हो मुझे बहुत मजा आ रहा है। जब तुम मेरे अपने चूत मे लंड डालकर बड़ी तेज गति से अंदर-बाहर कर रहे हो मुझे बहुत ही अच्छा लग रहा है। वह कहने लगी जब तक तुम घर में हो तब तक तुम मुझे हमेशा ही चोदते रहना मुझे बहुत ही अच्छा लगेगा जब तुम मुझे इस तरीके से चोदोगे। तुम्हारे मामा ने मेरी इच्छा पिछली बार पूरी नहीं की थी वह तुम बहुत ही अच्छे से पूरी कर रहे हो मुझे बहुत ही अच्छा लग रहा है। ऐसा कहते ही मैं उन्हें बड़ी तेजी से धक्के मारने लगा और वह भी अपने चूतडो को मेरी तरफ करती जाती। मुझसे उनकी चूत की गर्मी बर्दाश्त नहीं हुई और मैंने उनकी चूतड़ों पर अपने वीर्य को गिरा दिया। मैंने जब अपने वीर्य को गिराया तो मुझे बहुत ही अच्छा लगा।


Comments are closed.