चुदाई का दंगल

Chudai ka dangal:

नमस्कार मेरे प्यारे पाठको | आप सभी को मेरा सादर प्रणाम | कैसे हैं आप सभी ? मैं आशा करता हूँ कि आप सभी खुश होंगे और ऐसे बारिश के मौसम में मस्त चुदाई का मजा ले रहे होंगे | मेरा नाम सतीश है और मैं उत्तरप्रदेश का रहने वाला हूँ | मेरी उम्र 26 साल है और मैं एक पहलवान हूँ | मैंने कई स्टेट लेवल के मैच खेले है और जीता भी हूँ | दोस्तों, मेरे जीवन में एक घटना ऐसी घटी कि मैं दोबारा पहलवानी नहीं कर पाया और बस चुदाई के दंगल में फंस के रह गया | चलो बताता हूँ कि मै कैसे इस दंगल में फंसा | तो अब मैं ज्यादा वक़्त ना लेते हुए सीधा कहानी पर आता हूँ |

जहाँ हम सब पहलवानी करने जाते थे वहां एक धर्मशाला है जिस जगह हम सब कसरत किया करते थे | ठीक सामने एक घर था जहाँ पर एक 16 साल कि लड़की रहती थी | वो अपने घर से शाम के वक़्त हम लोगो को कसरत और पहलवानी करते हुए देखती थी | लड़की छोटी जरुर थी पर उसका फिगर बड़ी लड़की जैसा दिखता था | वो हम लोगो को बहुत लाइन मारा करती थी | पर कोई भी उसकी तरफ ध्यान नहीं देता था क्यूंकि किसी को इस चीज़ में इंटरेस्ट नहीं था | बस मैं ही एक ऐसा लौंडा था कि जिसको चुदाई का भूत सवार था | एक दिन कि बात है  मैं वक़्त से पहले धर्मशाला  चला गया था और फिर वहां जा कर अपनी कसरत करना शुरू कर दिया | तभी बहुत जोर से बारिश होने लगी | तो मैं अपनी कसरत बीच में ही रोक कर बारिश से बचने के लिए छुप गया | लेकिन मैंने जब उस लड़की की तरफ देखा तो वो बारिश में मस्त नाच रही थी | गोरी चिट्टी सी लड़की बारिश में नाचती हुई मोरनी लग रही थी | मैं उसे देख रहा था और देखते देखते मेरा लंड खड़ा हो गया | मेरे मन में गलत गलत ख्याल आने लगे थे | मुझे पता था कि मैंने लंगोट पहना हुआ हूँ तो मुझे ये सब नहीं सोचना चाहिए और गलत नहीं करना चाहिए | थोड़ी देर के बाद उसने मुझे देख लिया कि मैं उसे देख रहा हूँ | तो उसने मेरी तरफ हाँथ बढ़ा कर हाय किया | मैंने भी सोचा कि अच्छा मौका है और कच्ची कलि है अगर इसे चोदने का मौका मिल जाये तो मजा ही आ जाऐगा | मैंने उसे हाँथ दे कर अन्दर आने को कहा | तो वो भीगते भीगते अन्दर आ गयी | शायद उसे नहीं पता था कि लड़की का अन्दर आना मना है |

फिर जब वो मेरे पास आई और कहा अंकल आप यहाँ क्या करते हैं ? तो मैंने कहा कि मैं अंकल नहीं हूँ मेरा शरीर भले ही पहलवानों वाला है पर मैं शादीशुदा नही हूँ अभी तो मैं बस 22 साल का हूँ | फिर उसने पूछा आप यहाँ क्या करते हो ? तो मैंने सोचा कि अच्छा मौका है बस ये चुदवा ले मुझसे तो मैंने कहा कि बेटा ऐसे नहीं बताऊंगा | फिर उसने पूछा बताइए न ? तो मैंने उसे अपनी गोद पर बैठने का इशारा किया और कहा कि यहाँ बैठो तभी बताऊंगा | फिर वो बोली ओके | मुझे पता नहीं क्या हो गया ? मैं चाह कर भी अपने आप पर कण्ट्रोल नहीं कर पा रहा था | मैं जानता था कि ये सब गलत है फिर भी मैं कर रहा था | वो मेरी गोद में बैठ गयी तो बोली कि अंकल ये क्या है ? उसने मेरे लंड को पकड़ कर कहा | मैंने पूछा क्यूँ क्या हुआ ? तो उसने कहा कि मैं बैठ रही हूँ तो ये गड रहा है मुझे | मै हवस भरी नजरो से देखते हुए पूछा कहाँ गड रहा है ? तो उसने अपनी गांड की तरफ इशारा करते हुए कहा कि यहाँ गड रहा है | मैंने हंस दिया | फिर उसने बोली बताइए न क्या है ? मैंने बोला देखोगी ? उसने कहा हाँ | फिर मैंने उससे कहा कि अगर तुम किसी को न बताओ तभी मैं दिखाऊंगा | उसने बोली ठीक है |

उसके बाद मैंने अपनी लंगोट खोला और अपना 8 इंच लम्बा लंड दिखा दिया | पर उसे नहीं पता था कि इसको लंड बोलते हैं | तो वो मेरे लंड को पकड़ ली और कहा कि ये तो बहुत सख्त है | मैंने कहा हाँ इसको ऊपर नीचे कर के देखो | तो वो मेरे लंड को ऊपर नीचे करने लगी तो मेरे मुंह से आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ की सिस्कारिया निकलने लगी | तो उसने मेरे लंड को हिलाते हिलाते पूछा कि क्या हुआ अंकल आप ऐसी आवाजे क्यूँ निकाल रहे हो ? तो मैंने कहा कुछ नहीं अच्छा लग रहा है | तुम्हे पता है जैसे आइसक्रीम चाटते और चूसते हैं न वैसे ही इसके साथ भी करते हैं | उसने मुझसे कहा कि मैं इसको चूस सकती हूँ क्या ? तो मैंने कहा हाँ बिलकुल | फिर वो मेरे लंड को आइसक्रीम की तरह चाटते हुए चूसने लगी | जब वो ऐसा कर रही थी तो मेरे मुंह से आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ की लगातार सिस्कारिया निकल रही थी | वो मेरे लंड को जोर जोर से चूसने लगी और मैं आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ करने लगा | उसने मेरे लंड को करीब 15 मिनट चूसी होगी कि मैंने अपना लंड उसके मुंह में ही झड़ा दिया | तो उसने कहा कि अंकल इसका स्वाद अच्छा नहीं है | ये खट्टा और गरम है | मैंने कहा कि इसका स्वाद तो ऐसा ही होता है | फिर उसने मेरी धात को निगल ली | मेरे अन्दर बहुत हवस भर चुका था और मैं सब भूल गया था कि क्या गलत है और क्या सही है | मैंने उससे कहा कि तुम्हारे पास भी तो कुछ है मैं खेल सकता हूँ क्या ? तो उसने पूछी अंकल मेरे पास तो कुछ नही है तो मैंने कहा है | उसने नखरे करते हुए बोली अच्छा क्या है बताना जरा | तो मैंने सीधा उसके होंठ में अपने होंठ रख दिया और उसके कमसिन होंठ को चूसने लगा | उसके लिए ये सब नया था | इसलिए वो भी मेरा साथ देने लगी और मेरे होंठ को चूसने लगी | मैं उसके होंठ को चूसते हुए उसके दूध भी दबाने लगा था | बारिश भी लगातार हो रही थी और रुक ही नही रही थी | उसको चूमने के बाद मैंने उसके टॉप को ऊपर कर दिया और उसकी ब्रा को अलग कर दिया |

अब मैं उसके दूध को जोर जोर से दबाते हुए पीने लगा तो उसके मुंह से भी आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ की सिस्कारिया निकलने लगी थी | मैंने उससे पूछा कि कैसा लग रहा है ? तो उसने जवाब दी कि बहुत अच्छा लग रहा है और करिए न | फिर मैं और जोर जोर से उसके दूध को दबा दबा कर पीने लगा और वो भी आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ करते हए मजे ले रही थी | उसके दूध पीने के बाद मैंने उसे कहा कि एक और चीज़ है अगर मैं उसके साथ खेलूँगा तो तुम्हे और भी ज्यादा अच्छा आएगा | तो उसने पूछी भी नहीं और बोल दी हाँ जरुर करिए न क्या करना है ? तो मैं उसकी फ्रॉक को ऊपर कर दिया और उसकी पेंटी जो गीली हो चुकी थी उसे उतार दिया | अब मैं उसकी छोटे छोटे झांटो वाली चूत को चाटने लगा तो वो आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ करते हुए सिस्कारिया भरने लगी | उसकी चूत बहुत टाइट थी | मैं उसकी चूत के दाने को रगड़ते हुए उसकी चूत को जीभ से चाटने लगा तो वो आआहाआ ऊऊन्न्ह ऊऊम्म्ह ऊउम्म ऊउन्न्ह अहहाआअहाअ अहहहा हहहाआअ अहहहाआ ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह ऊनंह ऊउम्म्म्ह अहहहाआआअ आहाआआउन्ह ऊउन्न्ह ऊउम्म्ह आहा आआआहा ऊउम्म्ह ऊउन्न्ह आअहाआअ करते हुए मेरे सिर को दबाने लगी |

ये सब हो ही रहा था कि मेरे साथ के पहलवान वहां आ गये और मुझे रँगे हांथो पकड़ लिए | उन्होंने कुछ सोचा समझा नही और मुझे पीटने लगे और चिल्ला चिल्ला कर गाली देने लगे | जिससे सारे मोहल्ले वाले इकठ्ठा हो गये थे | और सब मुझे मारने लगे थे | मुझे बाद मैं पता चला था कि वो लड़की माइंड से डिस्टर्ब है | खैर होना क्या था ? मुझे सभी ने बहुत पीटा और मुझे उस नाबालिग लड़की से शादी करनी पड़ी | उसका नाम अंजली है | तो दोस्तों ये थी कहानी मेरी और मैंने उसको इतना अच्छा चोदा कि वो कायल हो गई मेरी और मैंने उसको इतनी बार चोदा कि वो मस्त हो गयी और मेरे लंड से इतना प्यार करने लगी पर क्या करे किस्मत को कुछ और मंज़ूर था |


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