ऐ रंडी चल चूत ला

Ai randi chal chut la:

desi chudai ki kahani

मेरा नाम सुमित है और मैं कक्षा बारहवीं का छात्र हूं। मैं लखनऊ का रहने वाला हूं। मेरे पिताजी भी अध्यापक हैं। जिस स्कूल में मैं पढ़ाई करता हूं उसी स्कूल में वह भी पढ़ाते हैं। इस वजह से सब अध्यापक मुझे जानते हैं और मुझसे वह बहुत ही अच्छे तरीके व्यवहार करते हैं। मेरे पिताजी की वजह से सब लोग मुझे स्कूल में जानते हैं और मैं पढ़ने में भी बहुत अच्छा हूं। इसलिए मेरी इमेज भी बहुत ही अच्छी है। मुझे भी यह डर लगा रहता है कि कहीं मेरे गलत काम करने की वजह से मेरे पिताजी को कुछ शिकायत पता चल गई तो वह मुझे घर में डांट न दें। इसलिए मैं स्कूल में अपनी मर्यादाओं में रहता हूं और ज्यादा शैतानी नहीं करता। हमारी क्लास में एक लड़का और है उसका नाम शोभित है। वह मुझसे हमेशा ही झगड़ा करता रहता है। क्योंकि उसका बर्ताव किसी भी लड़के के साथ अच्छा नहीं है लेकिन फिर भी उसके ग्रुप में बहुत सारे लड़के हैं और वह मुझे बिल्कुल भी पसंद नहीं करते। मैं भी उसे बिल्कुल भी पसंद नहीं करता हूं। परंतु मैंने कई बार उसे समझाने की कोशिश की, कि मुझे तुमसे किसी भी प्रकार की कोई दुश्मनी नहीं है जिससे तुम मुझसे इस तरीके का व्यवहार करते हो। लेकिन फिर भी ना जाने वह हमसे क्यों बहुत ही गंदे तरीके से व्यवहार करता है। शायद उसे यह बात अच्छी नहीं लगती की स्कूल के सारे टीचर मुझे बहुत पसंद करते हैं। वह सिर्फ मेरे पिताजी की वजह से मुझे पसंद नहीं करते, बल्कि मैं पढ़ने में भी बहुत अच्छा हूं। इसीलिए वह मुझे पसंद करते हैं।

हमारी क्लास में जब मॉनिटर बनने की बात आई तो मैडम ने भी मेरा नाम लिया। मैडम ने जब सब बच्चों से पूछा तो उन्होंने भी मेरा नाम लिया लेकिन कुछ बच्चों ने असहमति जताई और वह कहने लगी कि शोभित को क्लास का मानीटर होना चाहिए लेकिन फिर भी ज्यादा लोग मेरे पक्ष में थे। इसलिए मुझे ही क्लास का मॉनिटर बना दिया। तब वह मेरे साथ अजीब तरीके का व्यवहार करने लगा। मैंने शोभित को कई बार उसके बाद भी सझाया की मेरी तुमसे कोई दुश्मनी नहीं है। अब मैंने उसे समझाया कि तुम मेरे बारे में हमेशा गलत ही सोचते हो। तब उसे भी बाद में लगने लगा की मैं उस तरीके का लड़का नहीं हूं। जिस प्रकार से वह मेरे बारे में समझता है और वह भी अब मुझसे अच्छे से बर्ताव करता है लेकिन मैं उससे फिर भी उतनी बात नहीं करता हूं। मैं अपने पढ़ाई में ही ज्यादा ध्यान देता हूं और मेरी क्लास में ही मेरी एक गर्लफ्रेंड भी है। उसका नाम माया है। वह मुझसे बहुत ही ज्यादा प्रभावित है और हमेशा मुझसे कुछ ना कुछ पूछती रहती है। मैं उसकी पढाई में बहुत मदद करता हूं। और वह भी मेरी कई बार मदद करती है। मुझे बहुत ही अच्छा लगता है जब मैं उसके साथ समय बिताता हूं। हम लोग कभी चुपके से घूमने भी निकल जाते हैं। यह बात हमारी एक मैडम को पता है। उनका नाम रोशनी है। उन्हें मेरे और माया के बारे में सब कुछ पता है। क्योंकि उन्होंने एक बार हम दोनों को पिक्चर हॉल में देख लिया था। हम दोनों एक ही सीट में बैठे हुए थे और वह हमारे पीछे से बैठी हुई थी। उन्होंने हमें देख लिया था। इसलिए उन्हें हमारे बारे में सब पता है।

रोशनी मैडम भी बहुत अच्छी हैं। वह मुझे बहुत पसंद करती हैं और कहती हैं कि तुम पढ़ाई में बहुत ही अच्छे हो। एक बार मेरे पिताजी ने मुझे कहा कि तुम रोशनी मैडम के पास पढ़ने उनके घर चले जाना। वह मुझसे कह रही थी कि सुमित को मेरे पास आप पढ़ने के लिए भेज दिया करो। क्योंकि उनका घर भी हमारे घर से थोड़ा ही दूर था। जिस वजह से मैं अब उनके पास पढ़ने जाने लगा। वह मुझे बहुत ही अच्छा मानती थी और अच्छे से पढ़ाती हुई थी लेकिन उन्होंने कभी भी मुझे माया के बारे में नहीं पूछा। मुझे कई बार इस बात का डर लगा रहता था कि कहीं वह मुझसे माया के बारे में ना पूछ ले। माया और मैं स्कूल में भी एक साथ ही रहते थे और हम दोनों बहुत ही अच्छे से एक दूसरे के साथ में रहते थे। मेरा माया के घर में आना जाना भी लगा रहता था और वह भी मेरे घर आ जाया करती थी। मैंने उसे कहा कि तुम भी रोशनी मैडम के पास पढ़ने आ जाया करो। वह कहने लगी ठीक है। मैं इस बारे में मैडम से बात करती हूं। अगर वह हां कह देंगी तो मैं भी पढ़ने आ जाया करूंगी। अब उसने रोशनी मैडम से पूछा तो उन्होंने कहा कि तुम भी ट्यूशन पढ़ने आ जाया करो। जैसे ही उन्होंने यह बात कही तो मैं बहुत खुश हूंआ और अब हम कॉलेज से घर जाने के बाद सीधा ही मैडम के यहां पर पढ़ने जाते। हम लोग वहां से पढ़ने के बाद दोनों साथ में वापस अपने घर लौटते तो रास्ते में हम लोग बहुत सी बातें कर लिया करते।

एक बार मैं मैडम के पास पढ़ने गया और माया भी मेरे सामने ही बैठी हुई थी। जब हमारी ट्यूशन खत्म हो गई तो माया मैडम के बाथरूम में गई और मैं भी उसके पीछे पीछे चला गया। मैं माया को बहुत ही अच्छे से किस कर रहा था और वह भी मुझे बहुत ही अच्छे से किस कर रही थी मैं उसके स्तनों को भी अपने मुंह में ले रहा था लेकिन तभी मैडम ने मुझे देख लिया। उसने माया को कहा कि तुम अपने घर चले जाओ और सुमित थोड़ी देर बाद आएगा। जब माया घर चली गई तो मैडम ने मुझे अपने पास ही बैठा लिया और अपने कमरे में समझाने लगी और कहने लगी यह सब अच्छी बात नहीं है। मैडम जब मुझे समझा रही थी तो वह अपने स्तनों को भी मुझे दिखाने लगी। मैंने भी उसके स्तनों को पकड़ते हुए बाहर निकाल लिया और उसके स्तनों को अपने मुंह में लेने लगा। जब मैंने रोशनी मैडम के स्तनों को अपने मुंह में लेकर चूसने लगा तो मुझे बहुत ही अच्छा लग रहा था। वह माया के स्तनों से बहुत ज्यादा बड़े थे और उन में दूध भरा हुआ था। मैंने उनके दूध को पूरा अपने अंदर ले लिया अब वह बहुत ही उत्तेजित हो गई और वहीं बिस्तर पर लेट गई।

मैडम अपने पैरों को खोलने लगी मैंने भी उनकी सलवार को नीचे उतारते हुए उनकी चूत को चाटना शुरू कर दिया और उनकी चूत मे अपनी उंगली डाल दी। मैं जैसे ही अपनी उंगली चूत मे करता तो वह ज्यादा उत्तेजित हो जाती और चिल्लाने लग जाती। लेकिन मेरा मन नहीं भर रहा था उन्होंने मेरे लंड को अपने मुंह में ले लिया और उसे अच्छे से चूसने लगी। वह बहुत ही अच्छे से चूस रही थी जिससे कि मेरे गले से आवाज आ रही थी। वह इतने अच्छे से उसे अपने मुंह के अंदर लेती है और कभी वह अपने गले के अंदर तक मेरे लंड को समा लेती तो मेरे अंडकोष उनके मुंह पर टकरा रहे थे। वह कहन लगी जैसे तुम माया को किस कर रहे थे वैसे ही मुझे भी तुम अच्छे से किस करो। अब मैंने उनके होंठों को चूसना शुरु कर दिया और बहुत ही अच्छे से उन्हें चूस रहा था। कुछ देर बाद उन्होंने अपने पैरों को खोलते हुए मुझे कहा कि अब मेरी चूत मे अपने लंड को डाल दो।

मैंने जैसे ही उनकी चूत मे डाला तो मुझे बहुत ही मजा आया। मेरा लंड एकदम से अंदर चला गया और मैं ऐसे ही उनकी चूत मारने लगा। मैंने अपनी स्पीड भी बढा ली थी। उनके चूत से बहुत ज्यादा पानी गिरने लगा। मै उनके होठों को चूसता जाता मैं उनके होठों को चूस रहा था मुझे बहुत ही आनंद आ रहा था। उनके स्तनों को मैं अपने मुंह के अंदर ले रहा था अब वह बहुत तेज तेज चिल्लाने लगी। वह बहुत ज्यादा आवाज करने लगी मैं भी उन्हें और तेज झटके मारने लगा। मैं उसे चोद रहा था और उनका पूरा शरीर हिल रहा था। मैं थोड़ी देर उनके स्तनों को अपने मुंह में लेता थोड़ी देर उनके होठों को अपने मुंह में ले रहा था। मैं अभी उन्हें झटके मार रहा था उसी झटकों के दौरान मेरा वीर्य पतन हो गया और मुझे मालूम भी नहीं पडा मेरा माल उनकी योनि के अंदर ही गिर चुका है। मैंने जैसे ही अपने लंड को बाहर निकाला तो उन्होंने तुरंत ही उसे अपने मुंह के अंदर ले लिया और उसे अच्छे से चूसने लगी। उन्होंने बहुत देर तक मेरे लंड को चूसना जारी रखा जिससे कि मेरा वीर्य पतन दोबारा से हो गया और वह उनके मुंह के अंदर ही गिर गया था।

 


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