आदिवासियों के साथ जंगल में मंगल – 2

Aadivasiyon ke sath jungle me mangal -2:
group sex stories हेल्लो दोस्तों, मैं समीर फिर से हाजिर हूँ कहानी का अगला भाग लेकर | अभी तक मैंने आप लोगों को बताया की कैसे मैं जंगल में फंस गया था और वहां एक आदिवासी लड़की को चोदते हुए उसके कबीले के लोगों ने मुझे पकड़ लिया था | अब आगे :
मैं उन लोगों के साथ चलने लगा | काफी देर चलने के बाद मुझे एक जगह पर ले जाया गया जहाँ पर बीच में आग जल रही थी और काफी आदिवासी लोग जिनमे आदमी और औरते भी थीं वहां मजूद थे | उन लोगों ने भी उस लडकी की तरह पत्ते के कपडे पहन रखे थे | वहां एक बुध आदिवासी भी था जिसे किस्मत से थोड़ी थोड़ी हिंदी आती थी | उसने मुझे बताया की जिस लड़की को मैं चोद रहा था वो इस कबीले के सरदार की बेटी थी | मैं समझ गया की आज मेरी लगने वाली है | मैं बस इतना मनाने लगा जी जान बाख जाए | वहां फिर थोड़ी देर बाद एक तगड़ा सा आदमी आया | मैं समझ गया की वो ही सरदार है | वो गुस्से में था और अपने लोगों से अपनी भाषा में कुछ बोल रहा था | मैंने उस बूढ़े आदिवासी से कहा की कुछ भी करके मेरी सजा थोड़ी कम करवा दे और मेरी जान बक्श दे | उस बूढ़े ने सरदार से बात की और उसे समझाने की कोशिश की | काफी देर बाद सरदार बोला कुछ और फिर बूढ़े ने मुझे बताया की मुझे एक अजीब से सजा मिली है | मेरे पूछने पर उसने बताया की उन पांच आदिवासियों ने सरदार को बता दिया था की मेरा लंड काफी बड़ा है | इसिलए जो मुझे सजा मिली है वो ये है की कबीले की 4 विधवा औरतों को चोद के खुश करना है | तभी मुझे वहां से जाने देंगे वो लोग वरना मुझे जान से मार देंगे | मेरे पास और कोई चारा नही था | और हाँ, ये सब भी उन सभी लोगों के सामने करना था मुझे | मुझे शर्म आ रही थी और डर भी लग रहा था लेकिन मेरे पास कोई आप्शन न होने की वजह से मैं मान गया |
फिर मुझे आजाद किआ गया और उन चारों औरतों को बुलाया गया | उन सब में से एक की उम्र लगभग तीस होगी और बाकी तीनो बीस से 25 के बीच में होंगी | सरदार के आदमियों ने मेरे सारे कपड़े उतार दिए और मुझे नंगा कर दिया | अब वो औरतें भी अपने कपड़े उतारने लगी | फिर वो चरों मुझे लिटा कर मेरे लंड से खेलने लगीं | मैं डर रहा था इसीलिए मेरा लंड उस टाइम सो रहा था लेकिन इन औरतों के मादक टच से फिर से खड़ा होने लगा था | जैसे ही मेरा लंड पूरा खड़ा हुआ, वो सब औरतें खुश हो गयी और आपस में कुछ कहने लगीं | अब उनमे से एक जो की सबसे ज्याद उम्र की थी वो लेट गयी और इशारों में मुझे उसके ऊपर आने को बोला | मैं उसका इशारा समझ गया | मैं उसके ऊपर गया और उसकी चूत में अपना लंड एक ही झटके में डाल दिया | वो चिल्ला पड़ी | मैंने डाले ही रखा और उसकी चूत को चोदने लगा | थोड़ी देर दर्द से कराहने के बाद वो एन्जॉय करने लगी और मेरा साथ देने लगी | वो बड़ी ही मादक तरीके से आः हह ह हह ऊ इ इ ई ईई इ इह ह हह ह ह हह ह हह ईओ ओऊ ह हह ह ह हह ह ह्ह्ह्हह ऊ ऊ उ उ उ ऊऊ उई इ ईई इ ईईई इ इ ई इ ह्ह्ह हह ह ह्ह्ह हह ह ह ह्ह्ह्ह ह ह्ह्ह्हह हू उ ऊ उ ऊऊ ऊऊ उ ऊ उ उ ऊ ई इ इः आह्ह्ह हह ह ह्ह्ह ह ह्ह्ह्ह ह हह ह ह्ह्ह्हह हूउईइ इ ई इ इ इ इ करने लगी | थोड़ी देर बाद मैंने उसकी चूत से लंड निकाल दिया और दूसरी औरत को लिटाया और उसकी चूत में डाल दिया | उसकी चूत थोड़ी कसी थी इसीलिए मुझे मजा आने लगा | ये रोने लगी | मैंने इसको चुप करने के लिए किस करना शुरू कर दिया | जैसे ही मैंने इसको किस किया, ये मुझे किस करने लगी और मेरा साथ देने लगी | मैंने अबी इसी भी चोदना चालू कर दिया | बिच बिच में मैं इसके दूध दबाये जा रहा था | जोरदार चुदाई की वजह से ये बार बार ऊऊउ ऊ ऊऊउ ईई ई ईई इ ओ ओ ऊऊओ ओऊ ह हह ह ह ह्ह्हह्ह्ह्ह ह हह ह हह ह ह ह्ह्ह्ह ह्हूऊ उ ऊ इ ईई ईई इ ईई ई इ ईई इ ईई ईई ईईई इ ईई इ इ इ आह्ह हह ह्ह्ह्ह हह ह्ह्ह हह ह्ह्ह्ह ह्ह्ह्हह्ह ह्ह्ह ह ह्ह्ह्ह हूऊऊ ऊ ऊऊऊईई इ इ ई ईईइ ईईई ईईइ ईईई इ इ इ करने लगी | मैंने इसको चोदना जारी रखा | इधर मैं इसको चोद रहा था और उधर बाकी औरतें मेरे शरीर को सहला रही थी | सबके सामने चुदाई का ये मेरा पहला मौका था लेकिन मैं इतना गर्म हो गया था की मेरी सारी झिझक दूर हो चुकी थी और मैं खुल के चुदाई कर रहा था | थोड़ी देर बाद मुझे लगा की मैं झड़ने वाला हूँ | मैंने बूढ़े से पूछा की मैं उसकी चूत में ही झाड दूं या फिर बाहर | बूढ़े ने बोला की इनको बच्चा भी चाहिए इसीलिए अन्दर ही झाड दो | मैंने बोला ठीक है और फिर मैंने उसकी चूत में ही अपना माल झाड दिया |
अब मुझे अपना लंड फिर से खड़ा करना था और वो भी तुरंत क्यूंकि अभी भी २ औरतें बाकी थीं खुश करने के लिए | मैंने पाना लंड उन औरतों के हाथ में पकड़ा दिया और इशारों में उनसे मेरे लंड के साथ खेलने के लिए कहा | वो मेरे लंड से खेलने लगीं | थोड़ी देर बाद मेरा लंड फिर से खड़ा हो गया | अब मैंने तीसरी औरत को लिटाया और उसकी चूत में अपना लंड डालने लगा | इसकी चूत पर भी बाल थे | मैंने चोदना चालू किआ तो ये बड़े मादक तरीके से आआ आआआह हह हह ह्ह्ह्ह ह हह ह ह ह ऊ उ ऊ उ उ ऊ ऊऊ ऊ इ इ ई इ इ इ ई इ इ ई इ ई इ ईईइ ऊऊऊ ऊ ऊ इ इ इ ई इ ई ईई ई ई इ उ उ ऊ उ उ उ ऊ उ ऊऊऊऊऊउ ईई ईईइ इ ईईइ आ आआआह ह्ह्ह्ह ह्ह्ह ह ह्ह्ह्ह ह्ह्ह्हह्हह्ह्ह ह हह ह ह्ह्ह हह ह हह ह ह ह्ह्ह्ह ह्ह्ह हह ह हह ह ह हह ह ह्ह्ह्ह ऊऊऊइ इ ईई ईईइ इ ईईइ करने लगी | मैं जोश के साथ और तेज चुदाई में जुट गया और उसके दूध मसलने लगा | करीब 15 मिनट की जोरदार चुदाई के बाद वो झड गयी | अब मैंने अपना लंड निकाला और लास्ट वाली औरत की चूत में डाल दिया | इसकी चूत सबसे कसी थी | इसकी चूत पर न के बराबर बाल थे और लगरहा था की ये शायद बस 1-2 बार ही चुदी है | मैंने उसकी चूत को धीरे से चोदना शुरू किआ लेकिन फिर भी उसकी आँखों से आंसू आ गये | मैंने थोड़ी देर तक इसे किस किआ ताकि इसे थोडा अच्छा लगे और दर्द कम हो जाये | मेरी ये कोशिश कामयाब हुई और थोड़ी देर के बाद उसका दर्द कम हो गया | अब मैंने धीरे धीरे उसकी चूत में अपना लंड अन्दर बाहर करना शुरू कर दिया | उसके दूध बहुत छोटे से और प्यारे थे | मुझसे रहा नही गया | मैं चोदते हुए उसके दूध दबाने लगा और उसके निप्पल को चूमने भी लगा | ये इन चारों में पहली औरत थी जिसके दूध मैंने चुसे थे | मैंने थोड़ी देर बाद चुदाई की स्पीड बढ़ा दी | इस वजह से उसकी चिल्लाने की स्पीड भी तेज हो गयी और वो जोर से आआआ हह हह ह ह ऊ उ ऊ उ उ ऊ ऊऊ उ ऊ उ ई इ इ ई इ इ ई ईईईइ इ ईई आः आआआह्ह्ह ह ह ह हह ह हु उ ऊ ऊओह हह ह ह हह ह हह ह हह ह ह ह हह ह ह्ह्ह्ह ऊऊ उ उ ऊ ई ई ई इ ईईइ इ इ ई इ ई ईईईइ ई इ इ ईईइआअह्ह ह हह ह ह हह ह ह्ह्ह्हह्ह करने लगी | मैंने चोदना जारी रखा | बिच बिच में मैं उसके दूध चूम ले रहा था और उसको किस भी कर रहा था | थोड़ी देर बाद वो आआआअह ह ह हह हह ह ह ह्ह्ह उ उ ऊ उ ऊ उ उ ई ईई इ इ ईईइ इ ईईइ इ ई इ इ ईई इ ई इ इ ईई इ ई इ ई इ इ ईई इ ई ईई इ ईई ऊ उ उ ऊ उ ऊ उ ऊऊ उ ऊऊऊ इ इ ईईइ इ ई ई ईई इ ई इ इ करते हुए झड गयी | अब मुझे लगा की मेरा भी निकलने वाला है | मैंने जिन तीनो की चूत में नही झाडा था उन्हें बुलाया और उन्हें एक पास में लिटा दिया | फिर एक एक करके अपना माल तीनो की चूत में थोडा थोडा झाड दिया | वो तीनो खुश हो गयीं | उन्होंने अपने सरदार से कुछ बोला और फिर सरदार ने कुछ अन्नौंस किआ | उस बूढ़े ने फिर मुझे बताया की वो औरतें मेरी चुदाई से पूरी तरह से खुश हैं और सरदार ने मुझे माफ़ कर दिया है | साथ ही सरदार ने मुझे न्योता दिया है की भविष्य में मैं कभी भी आ सकता हूँ और मेरा पूरा खयान रखा जाएगा | फिर मुझे जंगले से छोड़ने के लिए 4 लोग मेरे साथ गये और उन्होंने मुझे शहर तक छोड़ा | फिर मैं वापस दिल्ली चला आया |


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